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अर्थव्यवस्था पर मोदी की पेनी नजर -

नई दिल्ली |  अर्थव्यवस्था की सुस्त  रफ्तार के मद्देनजर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने मंगलवार को देश की आर्थिक स्थिति का जायजा लेने के लिए  एक उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है। वित्त मंत्री अरुण जेटली और वित्त मंत्रालय के उच्च  अधिकारी इस बैठक में शामिल होंगे। माना जा रहा है कि इसमें विकास दर को ऊपर उठाने और रोजगार के अवसर सृजित करने के उपायों पर चर्चा की जाएगी । साथ ही वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) के क्रियान्वयन में आ रही शुरुआती दिक्कतों और सरकार के राजस्व पर नोटबंदी के प्रभावों पर भी इस बैठक में चर्चा होने के आसार हैं। सूत्रों ने कहा कि इस बैठक में वित्त मंत्रालय के सभी विभागों के सचिव और प्रधानमंत्री कार्यालय (पीएमओ) के शीर्ष अधिकारी मौजूद रहेंगे। इसमें अर्थव्यवस्था की गति बढ़ाने के विकल्पों पर विचार किया जाएगा। प्रधानमंत्री ने यह बैठक ऐसे समय बुलाई है, जब हाल ही में आए सरकारी आंकड़ों में अर्थव्यवस्था की स्थिति काफी खराब दिखाई गई है। केंद्रीय सांख्यिकी कार्यालय (सीएसओ) के अनुसार चालू वित्त वर्ष की पहली तिमाही में देश की विकास दर घटकर 5.7 फीसद रह गई है , जो बीते 3 साल में न्यूनतम है। बीते वित्

क्या प्रधानमंत्री मोदी की नोटबंदी फ़ेल-

मोदी सरकार की  नोट बंदी  पूरी तरह फेल -  बुधवार को रिजर्व बैंक के आंकड़ों ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नोटबंदी  योजना को बुरी तरह  फ्लॉप शो साबित कर दिया है   |  500 रुपये और 1000 रुपये के पुराने नोटों को बंद करने की जो  कसरत  हुई, उस कसरत की कीमत महज  16 हजार करोड़ रुपये ही निकली है |  जमा हुए बंद नोट गिनने में 8 महीने लगा देने वाले रिजर्व बैंक ने फाइनली जब नोट गिनकर बताए तो ये पता चला कि ज़्यादातर नोट तो वापस जमा हो चुके है  अब  सवाल उठने शुरू हो गए हैं कि क्‍या नोटबंदी के जरिए कालेधन को सफेद किया गया ? रिज़र्व बैंक ऑफ इंडिया की सालाना रिपोर्ट में दिए आंकड़ों पर एक नज़र-  -नोटबंदी से पहले बाजार में 1000 रुपये के 633 करोड़ नोट थे, जिसमें से नोटबंदी के बाद 98.6 फीसदी नोट वापस बैंकों में जमा हो चुके | -1000 रुपये के सिर्फ़ 8 करोड़ 90 लाख नोट जमा नहीं हुए, मतलब  8900 करोड़ रुपये वापस नहीं लौटे   -आरबीआई ने 500 रुपये के पुराने नोट पर कोई आंकड़ा नहीं दिया है और ये कहा है कि अभी वेरीफिकेशन चल रहा है -कुल आंकड़े के मुताबिक बंद हुए 15 लाख करोड़ रुपये के नोटों में सिर्फ 16 हज़ार क रोड़ रुपये